Thursday, May 23, 2024
Homeमहाराष्ट्रIIT Madras: 46 लाख रुपये वाली चाहिए नौकरी, तो यहां से करें...

IIT Madras: 46 लाख रुपये वाली चाहिए नौकरी, तो यहां से करें पढ़ाई! लाइफ में टेंशन की नामोनिशान खत्म  

IIT Madras: अगर अच्छी सैलरी वाली नौकरी (Job) की चाहत रखते हैं, तो उसके लिए मेहनत भी उसी के अनुसार करना होता है. ताकि ऐसे कॉलेज में एडमिशन मिल सके, जहां प्लेसमेंट अच्छी हो. इसीलिए अधिकांश लोग अपने बच्चों को IIT में एडमिशन लेने के लिए 10वीं के बाद से JEE Main की तैयारी में लगा देते हैं. इस परीक्षा को पास किए बिना IIT में एडमिशन मिलना नामुमकिन होता है. अगर आपने JEE Main और JEE Advanced को क्लियर कर लिया है, तब चिंता होती है कि किस ब्रांच में एडमिशन लें? जहां प्लेसमेंट के जरिए अच्छी सैलरी पैकेज वाली नौकरी आसानी से मिल सकें. ऐसे ही एक ब्रांच के बारे में बता रहे हैं, जहां से 46 लाख रुपये सालाना की सैलरी वाली नौकरी मिलती है.

भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, मद्रास (IIT Madras) ने वर्ष 1969 में एयरोस्पेस इंजीनियरिंग (Aerospace Engineering) विभाग की स्थापना की. इस विभाग में इसरो के फैकल्टी सदस्यों जैसे डॉ. वी. आर. ललितंबिका, मानव अंतरिक्ष कार्यक्रम निदेशालय, इसरो के पहले निदेशक, इसरो के पूर्व कर्मचारी लज़ार टी चिटिलापिल्ली, डॉ. पी.बी. नवले, हाय एनर्जी मैटेरियल्स रिसर्च लेबोरेटरी, DRDO के पूर्व एसोसिएट निदेशक और अन्य शामिल हैं.

एयरोस्पेस इंजीनियरिंग (Aerospace Engineering) के लिए औसत वेतन में हर साल उल्लेखनीय वृद्धि हुई है. IIT Madras एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विभाग का औसत वेतन वर्ष 2017-18 में 10.4 लाख रुपये प्रति वर्ष से बढ़कर वर्ष 2021-22 में 18.67 लाख रुपये प्रति वर्ष हो गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक IIT Madras द्वारा उपलब्ध कराए गए आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, औसत वेतन वर्ष 2018-19 में 12.67 लाख रुपये प्रति वर्ष से बढ़कर वर्ष 2019-20 में 13.11 लाख रुपये और फिर वर्ष 2020-21 में 14.07 लाख रुपये प्रति वर्ष हो गया था.

नौकरी के लिए बढ़िया मिलता है ऑफर
इस ब्रांच से पढ़ाई करने वालों को नौकरी के ऑफरों की कुल संख्या में भी इसी तरह की बढ़ोतरी देखी गई है. वर्ष 2017-18 में 39 से बढ़कर वर्ष 2018-19 में 64 हो गई, लेकिन वर्ष 2019-20 में मामूली गिरावट के साथ 61 और वर्ष 2020-21 में 56 हो गई. हालांकि वर्ष 2021-22 में यह संख्या एक बार फिर नाटकीय रूप से बढ़कर 84 हो गई. यह COVID-19 महामारी के कारण ऐसा हो सकता है. वर्ष 2017-18 में नियोजित छात्रों की संख्या 35 से बढ़कर वर्ष 2018-19 में 56 हो गई है, लेकिन वर्ष 2019-20 में घटकर 50 और वर्ष 2020-21 में 49 हो गई है. फिर यह संख्या, ऑफ़र की कुल संख्या की तरह वर्ष 2021-22 में बढ़कर 67 हो गई थी.

प्लेसमेंट के मामले है बेहतरीन
IIT Madras के आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2021-22 में एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विभाग का प्लेसमेंट प्रतिशत 78 था. विभाग का न्यूनतम पैकेज 6.5 लाख रुपये प्रति वर्ष और अधिकतम पैकेज वर्ष 2021-22 में 46 लाख रुपये प्रति वर्ष था.

रिक्रूटमेंट के लिए आती हैं टॉप कंपनियां
इंजीनियरिंग डिज़ाइन विभाग के टॉप रिक्रूटर कंपनियों में टेक्सास इंस्ट्रूमेंट्स, बजाज ऑटो, क्वालकॉम, जेपी मॉर्गन चेज़, प्रॉक्टर एंड गैंबल, मॉर्गन स्टेनली, ग्रेविटॉन, मैकिन्से एंड कंपनी और कोहेसिटी और अन्य शामिल हैं.

ये भी पढ़ें…
बीपीएससी टीचर भर्ती परीक्षा का कैसा रहा पेपर? यहां से करें डाउनलोड, स्ट्रेटजी बनाने में मिलेगी मदद
कांस्टेबल और सब इंस्पेक्टर में क्या होता है फर्क, कौन है अधिक पावरफुल?

Tags: IIT, IIT Madras

RELATED ARTICLES
- Advertisment -spot_imgspot_img

Recent News

Most Popular

error: कॉपी करणे हा कायद्याने गुन्हा आहे ... !!